उत्तर
प्रतिदिन कम से कम 150 से 200 ग्राम तक ताज़ा फल खाना चाहिए।
शोध के अनुसार हर वर्ग के लोगों में हृदय से संबंधित जटिलताओं का खतरा बढ़ा हुआ है।
स्वस्थ हृदय के लिए आहार: इधर, दिल की नज़र बंद हुई उधर जीवन की कहानी ख़त्म। दिल का मजबूत होना जरूरी है कि किसी भी दिल की धड़कन को झेलने की क्षमता अचानक आ जाए। आधुनिक जीवन शैली में दिल पर चारों ओर से खतरा मंडराने लगा है। ग़लत अंतर्वस्तु और इनइंटरैक्टिव लाइक लाइफ़स्टाइल हृदय की क्षमता को प्रभावित कर रहे हैं। मित्रता सब बातों को लेकर दुनिया के करीब 80 देशों में एक शोध चल रहा है। इस शोध का नाम प्योर (शुद्ध) यानी द प्रोस्पेक्टिव अर्बन रूरल एपडेमियोलॉजी है। यह अध्ययन दुनिया के कई देशों में हजारों व्यापारियों द्वारा किया जा रहा है। भारत में इसके 5 केंद्र बनाए गए हैं। एक केंद्र पर 10 से 12 हजार लोगों की मेडिकल जांच की जा रही है और उनके परामर्श और जीवनशैली पर सवाल पूछे जा रहे हैं। इन सार्वभौम आधार पर वैगन ने स्ट्रांग हार्ट के लिए स्टॉक चार्ट बनाया है।
रिसर्च में भारतीय डॉक्टर शामिल
इस शोध में अपोलो अस्पताल कॉलेज के प्रमुख क्लिनिक विश्ट्रिशियनिस्ट डॉ. प्रियंका रोहतगी भी शामिल हैं. डॉ. प्रियंका राजस्थान केंद्र के प्रमुख हैं। उन्होंने 10-12 हजार लोगों के स्वास्थ्य की जांच की और उनके खान-पान, प्रशिक्षण और प्रशिक्षण का एक डेटा बेस बनाया जो प्योर स्टडी का हिस्सा है। डॉ. प्रियांक ने बताया कि इस अध्ययन से पता चला है कि जो मोटी-मोटी चीजें निकल कर सामने आ रही हैं, उनमें यह बताया गया है कि लोगों में खाद्य पदार्थों की मात्रा बढ़ गई है। जो हार्ट के लिए सुरक्षात्मक कवच हैं, उन्हें खाने या कम करने से आमतौर पर हार्ट पर खतरा बढ़ जाता है। यह सिर्फ अमीर लोगों में ही नहीं बल्कि गरीबों में भी तेजी से बढ़ रहा है। यहां भी लोगों के फिजियोलॉजिकल क्लिनिक कम होने लगे हैं, जिससे हजारों लोगों को दिल से संबंधित अस्थमा का खतरा बढ़ गया है। डॉ. प्रियांक ने बताया कि हमारे पिरामिड हार्ट पर अध्ययन के आधार पर साज-सज्जा का अध्ययन किया जाता है।
दिल के लिए क्या है सामान
1.हरी चीज़- डॉ. प्रियांक रोहतगी ने बताया कि प्योर स्टडी के आधार पर लोगों को प्रतिदिन अपनी-अपनी खुराक में ग्रीन ड्रॉप का सेवन करना चाहिए। उन्होंने कहा कि रोजाना कम से कम दो से तीन बजे तक हरी बोतल का सेवन करना चाहिए। यह अगर बॉल हो तो सबसे अच्छा है। इसे बहुत ज्यादा नहीं पकाना चाहिए. जो सामान्य सीज़न में आसानी से मिल जाता है, वहीं सबसे अच्छी स्थिति है। फ्रोजन या इलेक्ट्रॉनिकी फैक्ट्री न स्थिर।
2.फल-इसके अलावा प्रतिदिन कम से कम 150 से 200 ग्राम तक ताज़ा फल खाना चाहिए। फलों के फलों में आपको केला, सेब, अमरूद, स्टैटू आदि को शामिल करना चाहिए।
3.फलियां-फलियां का मतलब फलीदार दानें. बींस, डालिये आदि आते हैं. प्रतिदिन आधा कप दाल या बींस खाना चाहिए।
4.नट-हेल्दी हार्ट के लिए रोजाना 15 से 20 ग्राम अलग-अलग तरह के नट्स का सेवन करना चाहिए। ये नट या तो पेड़ से प्राप्त हो या मूंगफली हो।
5.डेयरी उत्पाद-रोजाना 250 से 300 ग्राम दूध या छाछ का सेवन करना चाहिए। इसके साथ ही 40 से 50 ग्राम घर में बनी चीज, मक्खन या घी खाना चाहिए.
6.साबुत अनाज-प्रतिदिन आधा कप चावल, बार्ली, हाई ब्रेड ब्रेड आदि खाना चाहिए। साबुत अनाज या बाजरा का अधिक सेवन नहीं करना चाहिए। लेकिन रोज़ाना ज़रूरी है.
7.मछली-सप्ताह में तीन दिन 100 ग्राम मूंगफली का सेवन करें तो यह दिल के स्वास्थ्य के लिए बेहतर है।
8.टेल-आम तौर पर जो बेजिटल ऑयल कंप्रेस्ड हो इयो मोनोसैचुर से निर्मित और पॉलीसेचर से निर्मित पूर्ण तेल का उपयोग किया जाना चाहिए। एक डोजिन में 20 से 30 ग्राम बीजाइटल तेल का प्रयोग करना चाहिए। यानी आप जैतून का तेल, जैतून का तेल, सूरजमुखी का तेल आदि का सेवन करें।
.
टैग: स्वास्थ्य, स्वास्थ्य सुझाव, जीवन शैली
पहले प्रकाशित : 03 सितंबर, 2023, 14:29 IST
