
भूटान के विदेश मंत्री टांडी दोरजी
न्यूयॉर्क में यूनाइटेड नेशन महासभा (यूएनजीए) के शेयरों में भारत के वैश्विक उद्यम की जोरदार मार्केटिंग हो रही है। कोविड के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा वसुधैव कुटुंबकम की भावना से उठाया गया कदम दुनिया के लिए गौरव साबित हुआ है। भूटान के विदेश मंत्री टांडी दोरजी ने ये बात कही है. उन्होंने भारत-संयुक्त राष्ट्र वैश्विक शिखर सम्मेलन में कहा कि “भारत ने “वैक्सीन मैत्री” की शुरुआत की थी जो सबसे बड़ी मानव पहल में से एक थी। इस पहल ने दुनिया के लगभग 100 देशों को सीओवीआईडी लगातार पेश किया है। इसे मानवता की सबसे बड़ी उपलब्धि माना जाता है। बड़ी सेवा हुई है। उन्होंने यह भी कहा कि भूटान और भारत के बीच प्रतिष्ठित विश्वव्यापी दक्षिण (ग्लोबल साउथ) में मजबूत बेरोजगारी का एक उल्लेखनीय उदाहरण है।
दोरजी ने कहा कि भारत और भूटान का यह साझा व्यापार, शिक्षा और विकास सहित विभिन्न क्षेत्रों में है। भूटान के सामाजिक-आर्थिक विकास और हाइड्रोपॉवर सेक्टर के लिए भारत का निरंतर सहयोग न केवल भूटान के आर्थिक विकास को गति देगा, बल्कि क्षेत्रीय ऊर्जा सुरक्षा को भी बढ़ावा देगा। उन्होंने कहा कि भारत और भूटान की भागीदारी वाली वैश्विक दक्षिण में मजबूत स्थिर स्टॉक आपूर्ति का बड़ा उदाहरण बन रहा है। हमारा शेयर प्रमाण पत्र और ऐतिहासिक साझेदारी नई जगह हासिल कर रही है। भारत और भूटान के बीच यह जनता का सहयोग दो देशों के और अधिक जिलों को आगे बढ़ाएगा।
कोविड में मोदी ने की मानवता की बड़ी सेवा
कोविड महामारी के दौरान जब विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यू.बी.ए.) ने दुनिया के अन्य बड़े देशों भारत में गंदगी के तांडव और बेहिसाब तबाही की भविष्यवाणी की थी, उसी दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने दूसरे देशों पर अपने देश में ही कोरोना का टीका लगाया था। विकसित करने का संकल्प लिया। भारत में तैयार कोरोना वायरस ने न सिर्फ अपने देश के लोगों की जान बचाई, बल्कि मोदी ने इसे 100 से ज्यादा देशों में इंसानों की रक्षा के लिए भेजा है। इससे पूरी दुनिया में भारत के करोड़ों लोगों की जान उबर में सफल हो रही है। भारत के इस प्रयास का पूरा विश्व निर्देशक बनना नहीं थक रहा। हर देश में मोदी की यह पहल उनके हमेशा के लिए कर्जदार रहने के लिए है।
यह भी पढ़ें
अमेरिका के अटलांटा में मॉल के पास फ़ायरवॉल, जवाबी फायरिंग में 3 लोगों की मौत
रूस-यूक्रेन युद्ध के लिए पोप-फ्रांसिस ने किसको जिम्मेदार ठहराया, हर कोई आश्चर्यचकित रह गया
