प्रदीप वर्मा/गिरिडीह। गिरिडीह में इन दिनों राजस्थानी राबड़ी धूम मचा रही है। शुद्ध दूध को बेचकर तैयार किया गया इस रबड़ी को लोग काफी पसंद कर रहे हैं। प्रतिदिन करीब 300 पीस रावड़ी की बिक्री होती है। अगर आप भी इस रबड़ी का स्वाद चखना चाहते हैं तो गिरिडीह स्थित न्यू बरगंडा आना होगा। यहां लोध गोपाल स्वीट्स पर मिलने वाली रबरी एक बार चख बनती है तो बार-बार आती है।
रबरी बनाने के लिए सबसे पहले दूध को बड़े लोहे के प्लैटर में डुबाकर तक निकाला जाता है. इसमें कालीमिर्च, मिट्टी की मात्रा में चीनी और मिक्सचर के नमूने डाले जाते हैं। फिर एक छोटी सी प्याली डाल दी जाती है. जिसे ग्राहक बड़े चाव से खाते हैं. एक पीस रबरी की कीमत 25 रुपये है. रबड़ी बनाने के लिए रोजाना 100 किलो दूध की रेसिपी है।
बड़े चाव से खाते हैं लोग
दुकान संचालक लखन यादव ने बताया कि गिरिडीह कॉलेज गिरिडीह से बीकॉम करने के बाद नौकरी की तलाश थी। अंत में हार कर घर पर ही खटाल खोल और जगह-जगह दूध का मसाला लगा। इसी दौरान मेडिकल आया कि क्यों ना दूध की चटनी बनाई जाए। इसके बाद इस मिठाई की दुकान की शुरुआत हुई। यहां की राजस्थानी राबड़ी की खासियत है। उन्होंने बताया कि दुकान में सुपरमार्केट होने वाला पूरा दूध अपनी डायरी से आता है। जोक पूरी तरह से शुद्ध होता है। यही कारण है कि येही की रबड़ी सहित अन्य मिठाइयां बेहद टेस्टी होती हैं। जिसे लोग बड़े चाव से खाते हैं।
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पहले प्रकाशित : 4 अक्टूबर, 2023, 17:53 IST
