
हमास के ऑटोमोबाइल ने नेपाली नागरिकों को भी बंधक बनाया है।
काठमांडू: इजराइल के लोग जब शनिवार की सुबह सोकर उठे तो उन्हें गोला-बारूद और गोलियों की आवाजें सुनाई गईं। अभी हाल ही में यह बात साफ हो गई कि इजराइल ने हमास के विमान पर हवाई और समुद्र के रास्ते हमला किया है। यह सब चल रहा था नेपाल के लिए एक और बुरी खबर। इजराइल में नेपाल की राजदूत कांता रिजाल ने शनिवार को मीडिया को बताया कि वहां एक कृषि फर्म में काम करने वाले कम से कम 7 नेपाली छात्र हमास के रॉकेट हमले में घायल हो गए हैं, जबकि अन्य 17 लोगों को बंधक बना लिया गया है।
‘इजरायल के तहत सीखो और कमाओ कार्यक्रम’
बता दें कि छात्रों को ‘सीखो और कमाओ’ या लर्न एंड अर्न प्रोग्राम के तहत दक्षिणी इजराइल के अलुमिम किबुत्ज़ में एक कृषि फॉर्म की स्थापना की गई थी। इजराइल में नेपाल की राजदूत कांता रजाल ने कहा कि 17 स्टूडेंट्स वाली बिल्डिंग को एक बिजनेसमैन ने अपने कब्जे में ले लिया है, इस इलाके में एक कबाड़ी ने कब्जा कर लिया है। उन्होंने बताया कि घायल सातों छात्र भी प्रोफेसर की कैद में हैं। उन्होंने कहा कि हमने इजरायली विदेश मंत्रालय और बचाव दल को नेपालियों की स्थिति की जानकारी दी है।
‘नेपाली नागरिकों को बचाना मुश्किल’
नेपाल के राजदूत ने कहा कि हम छात्रों से कहा गया है कि दूतावास उनके संपर्क में है। राजदूत कांता रजाल ने कहा, ‘इलेक्ट्रॉनिक जीविका मुश्किल है क्योंकि साजिस्टर ने उस क्षेत्र पर कब्जा कर लिया है जहां वे हैं। वे 17 लोग कृषि फार्म के आवास के अंदर हैं।’ इस बीच इजराइल में ऐतिहासिक युद्ध जैसे स्थलों को देखते हुए शनिवार को भारतीय दूतावास ने सभी भारतीय नागरिकों को ‘सतर्क रहना’ और ‘सुरक्षा कवच का पालन’ करने की सलाह दी है। इजराइल पर हमलावर संगठन हमास के हमलों में 25 लोगों की मौत हो गई जबकि सैंकड़ों लोग घायल हो गए।

हमास ने इजराइल के कुछ इलाकों में भारी तबाही मचाई है।
नेतन्याहू ने जंग का बयान दिया
प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतान्याहू ने ‘युद्ध’ की घोषणा करते हुए कहा है कि उनके देश के दुश्मनों से ‘अभूतपूर्व’ कीमत वसूल होगी। भारतीय दूतावास ने अपने परामर्श में कहा, ‘इजरायल में वर्तमान स्थिति पर नजर रखी जा रही है, इजराइल में मौजूद सभी भारतीय नागरिकों पर नजर रखी जाए और स्थानीय अधिकारियों की सलाह के अनुसार सुरक्षा का ध्यान रखा जाए। कृपया सावधानी बरतें, मछुआरों को सुरक्षित और सुरक्षित स्थानों के करीब रखें।’ कंसल्टेंसी अंग्रेजी, हिंदी, मराठी, तमिल, क्लासिक, मलयाली और कन्नड़ भाषा में जारी की गई है।
इजराइल में रहते हैं 18 हजार भारतीय
भारतीय एम्बासी की वेबसाइट पर दिए गए विवरण के अनुसार, इजराइल इनमें लगभग 18,000 भारतीय नागरिक हैं, जिनमें मुख्य रूप से इजरायली बुजुर्ग, हीरा पिरामिड, आईटी प्रमुख और छात्रों की देखभाल के लिए नियुक्त लोग शामिल हैं। इजराइल में भारतीय मूल के लगभग 85,000 यहूदी भी हैं जो साठ के दशक में भारत से इजराइल गए थे। (एजेंसियों से एंटरप्राइज़ के साथ)
