अरशद खान/हाँ: चीन के बच्चों में फैल रही रहस्यमयी बीमारी को लेकर उत्तराखंड में भी जारी हुई है संभावना। बच्चों में निमोनिया और इन्फ्लूएंजा के मामले बढ़ने पर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से ओरिया राज्य में एड जारी किया गया है। वहीं अब ठंड ने भी पूरी तरह से अपनी सतह दे दी है. ऐसे मौसम में बच्चे सबसे पहले बीमार होते हैं। ऐसे में उनकी महत्वपूर्ण जानकारी आवश्यक है. बार-बार सर्दी, निमोनिया जैसे लक्षण होने पर तुरंत डॉक्टर की सलाह लें।
‘लोकल 18’ से बातचीत करते हुए इंजीनियर रेजिडेंट प्रोफेसर डॉ. अनुराग अग्रवाल उत्तराखंड राज्य के पर्वतीय क्षेत्र हैं। ऐसे में यहां अन्य राज्यों की तुलना में ठंड अधिक होती है। वह लोगों को ठंड से बचने की सलाह देते हैं। उन्होंने कहा- सुबह-शाम लोग मुख्य रूप से ठंड से अपना बचाव करें। गर्म कपड़े और गुनगुने पानी का सेवन करें। डॉक्टर अग्रवाल ने आगे कहा कि इन दिनों चीन में बच्चों में एक रहस्यमयी बीमारी तेजी से फैल रही है। समकालीन लेकर भारत सरकार ने एड्री की भी रिलीज जारी की है। अभी तक उत्तराखंड में इस तरह का कोई मामला सामने नहीं आया है, लेकिन राज्य सरकार की ओर से लालची का पालन किया जा रहा है।
साइनस-अस्थमा के रोगी बरतें सावधानी
ठंड का मौसम साइनस और बच्चों के लिए बेहद खतरनाक होता है। सर्दियाँ शुरू होती हैं ही, बाबा के दोस्त की दुनिया फूलने लगती है। जबकि साइनस के रोगियों को सर्दी, सिरदर्द और बार-बार होने वाली बीमारियाँ आती हैं। इसलिए ठंड का मौसम शुरू ही हो जाता है और साइनस की आबादी को सबसे ज्यादा संभलकर रहने की सलाह दी जाती है।
खुद न खरीदें डॉक्टर
मिरते चश्में में डॉक्टर डॉक्टर अनुराग अग्रवाल ने कहा कि अगर आपको बच्चों में निमोनिया, खांसी, ठंड आदि के लक्षण दिख रहे हैं और ये लक्षण लंबे समय से चल रहे हैं, तो ऐसी स्थिति में डॉक्टर की सलाह जरूर लें। उनका कहना है कि बिना डॉक्टर की सलाह के बच्चों को कोई भी दवा न खिलाएं। बच्चों के अलावा अगर अन्य किसी में भी इस तरह के लक्षण हैं तो भी घर पर डॉक्टर बनने की कोशिश न करें। तत्काल अपने क्लिनिक में डॉक्टरी परामर्शदाता अवश्य लें।
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पहले प्रकाशित : 1 दिसंबर, 2023, 13:30 IST
