
इमरान खान और बुशरा बीबी।
इस बारे में एक पेश रिपोर्ट में कहा गया है कि पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की पत्नी बुशरा बीबी और उनके वकील लतीफ खोसा के बीच हुई बातचीत में अब्दुल्लाह हाई कोर्ट ने एसोसिएटेड रिवर चीफ लेफ्टिनेंट जनरल अंजुम से बातचीत की। लाइक होने के पीछे किसका हाथ था। ‘जियो न्यूज’ की खबर के मुताबिक, अदालत ने संघीय जांच एजेंसी (एफआईए) को बुशरा बीबी और उनके वकील के बीच बातचीत की क्लिप की जांच के लिए यह भी कहा कि यह पता चल सके कि यह कहां से जारी किया गया है।
इस आदेश के दौरान एक पुस्तक की सुनवाई के दौरान अघोषित बाबर सत्तार ने खोसा और उनके मुविल के बीच हुई बातचीत की आलोचना की। एक प्रतिनिधि इंटर-सर्विसेज एजेंसी (एमएसआई) के लेफ्टिनेंट जनरल अंजुम को डिप्टी जनरल के पद के लिए एक भर्ती पत्र दिया गया था, जिसे निदेशक और प्रमुखों से भी निर्देश दिया गया था।
ISI से मिली छूट की रिपोर्ट
कोर्ट ने एफआईए, पाकिस्तान इलेक्ट्रॉनिक मीडिया रेगुलेटरी अथॉरिटीज (पेमरा) और पाकिस्तान टेलीकॉम्युनिकेशन अथॉरिटीज (पीटीए) को भी नोटिस जारी कर अपना जवाब मांगा है। कोर्ट ने मामले की सुनवाई 11 दिसंबर तक के लिए जारी कर दी है। विदेशी सत्यार ने ग्रुप को सुनवायी के दौरान पूछा कि लोगों की निजी बातचीत का प्रसारण टेलीविजन चैनलों पर कैसे किया जा रहा है। इमरान खान की पत्नी और उनके वकील के बीच हुई बातचीत की एक ऑडियो क्लिप सोशल मीडिया पर सामने आई है, जिसमें संकेत दिया गया है कि जब पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री जेल में हैं, तो उनके परिवार में सब कुछ ठीक नहीं है। (भाषा)
