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अनूप/कोरबाः शहर के मिशन रोड इलाक़े में उस समय का रिमोट सेक्टर मच गया, जब एक मकान के पहले मंजिल पर आग लग गई। इस आग ने देखते ही देखते पूरे मकान को प्लास्टर में लेना शुरू कर दिया। सूचना सूचना ही मुखपृष्ठ पर फ़ायरवॉल ने घंटों की कड़ी संकट के बाद आग पर फिजियोलॉजी पाई। आग की भीषणता का यही अंदाजा लगाया जा सकता है कि दीवारों में जो बात लिखी गई है, उसके अंदर सारा सामान जलकर खाक हो गया है। खुशी की बात यह है कि घटना के वक्त परिवार के लोग ग्राउंड फ्लोर में थे और उन्होंने भागकर अपनी जान बचाईं। आग लगने की वजह से रेफ़्रिजरेटर के कंप्रेसर में शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है।

मिशन रोड में मातृछाया नामक दो मकान स्थित हैं, जहां आशा देवी शर्मा निवास करती हैं। उनकी दो बेटियां हैं, जो किसी काम से रामपुर गए थे। शाम के मकान के फ्लोर में श्रीमती शर्मा के अलावा उनकी दो बहुएँ और पॉट-पोटियाँ मौजूद थीं। उन्हें मकान के फ़र्निचर फ़्लोर से आवाज़ के साथ हॉटहट का पता चला। उन्होंने देखा कि पेंटिंग के गुब्बार के साथ आग की लपटें दिखाई दीं। श्रीमती शर्मा परिवार के अन्य सदस्यों के साथ स्थायी घर से बाहर आ गए।

शॉर्ट सर्किट के कारण लगी आग

उन्होंने-आसपास के लोगों को घटना की जानकारी दी, जब तक लोग आग बुझाने का प्रयास करते, आग मकान में गिरी थी। पूर्व सूचना फायर विभाग को दी गई। सूचना सूचना ही नगर सेना के मियारी मरीन मॉरीश पर देश। आग लगने के बाद फ़ारिफ़ायर ने घड़े की मेहनत के बाद आतिश पा लिया, लेकिन उनका सामान नहीं बचा सके। पहले मंजीर में रखे अनमोल सामान जलकर खाक हो गए। आग की भीषणता का माप इसी से लगाया जा सकता है कि मकान के ऊपरी हिस्सों में दीवारों पर कई जगहों पर सामान रखा हुआ है। रेफ़्रिजरेटर के कंप्रेशर में शॉर्ट सर्किट को आग लगने की कीमत काफी ज्यादा है।

फ़िरोज़ क्यों फटता है?

जब हम फ़िरोज़ के बारे में बात करते हैं तो असल में फ़िरोज़ नहीं, फ़िरोज़ का एक पार्ट फटा है। उस पार्ट को कहते हैं नाटकीय (कंप्रेसर). कंसप्रेस फर्म के बैक-साइड में लगा है। इसमें एक पम्प होता है और एक मोटर लगती है. यह मोटर पंप रेफ्रिजरेटर गैस कॉइल्स के माध्यम से भेजा जाता है। जैसे ही ये गैस वैजिटेबल तरल पदार्थ तरल पदार्थ तरल पदार्थ में घुलनशील होता है, यह फ़्रिज से हॉटहाट (हीट) को लीज (शोषित) कर लेता है और अंदर रेजिडेंट सभी एनीवे को ठंडा करता है। यह तो हुआ फ़िरोज़ के काम करने का सामान्य तरीका।

क्या होगा कभी न फ़टे फ़र्ज़ी?

आपको कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखना होगा। अगर आपने किसी भी तरह की नेचर को डिजाइन किया है तो आपका फैन कभी नहीं फटेगा और किसी भी तरह की शानदार घटना नहीं होगी।
1. फ़र्ज़ी की आवाज़ से आपको पता चलेगा कि ठीक है या नहीं। अगर आप एक जैसी आवाज में रिलेशन में हैं तो इसका मतलब ठीक है. अगर एलाटिनियस ज़ोर की आवाज़ आ रही है या फिर इसमें से बिल्कुल भी आवाज़ नहीं आ रही है तो समझिए कुछ सार है।
2. यदि फर्म 10 साल पुराना है तो समय-समय पर उसकी जांच संरचना बनाए रखें।
3. फ़िरोज़ को दीवार के साथ चिपकाकर न रखें. फ़िरोज़ और दीवार के बीच ठीक-ठाक जगह होनी चाहिए।
4. यदि फ़्रिज़ अच्छे से अच्छे को कूल नहीं कर रही है तो आपको तकनीशियन को बुलाना चाहिए।
5. अगर फर्म के पीछे से ज्यादा नुकसान हो रहा है तो इसे इग्नोर करना ठीक नहीं होगा।

टैग: कोरबा खबर, स्थानीय18



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