
ईरान ने माजिद मिसाइल से कर्रार विध्वंस का प्रक्षेपण किया
इज़राइल पर ईरान: इजराइल और हमास के बीच जंग में ईरान अपनी सेनाओं पर लगातार हमला कर रहा है। ईरान जो कि इजराइल को कई बार हमलों के लिए चेतावनी दे चुका है। उस ईरान ने अब हवा से हवा में युद्ध करने वाली ‘माजिद’ मिसाइल से लैस ‘कर्रार’ लड़ाकू विमान का पर्दाफाश किया है। इजराइल को दी गई चेतावनी के बीच ईरान का अपने लड़ाकू विमान पर मिसाइल से हमला करना इस बात का प्रश्न है कि क्या ईरान भी तो जंग में नहीं कूदने जा रहा है?
ईरान की मीडिया के मुताबिक इस डूबत में अब ईरान की वायु रक्षा इकाइयां आधिकारिक तौर पर शामिल हो गई हैं। तेहरान में खातम अल-अंबिया वायु रक्षा अकादमी में एक टेलीविजन समारोह के दौरान ईरानी सेना ने इस सागर का प्रदर्शन किया। ये बंजारे काफी शक्तिशाली हैं और 12 से ज्यादा बड़े कर्रार बंजारे देश की सीमा पर पाए जाएंगे। ईरान की ओर से कहा गया है कि ये डूब उनकी सेना की ताकत में काफी हद तक टूट जाएगा।
एक हजार वर्ग तक कर सकते हैं हमला
ईरानी सेना का दावा है कि ‘कर्रार’ समुद्र तट से एक हजार किमी दूर हवा में मार कर सकता है। इसके अलावा इसमें कई खूबियां भी हैं। कर्रार के अनावरण के बाद रान की सेना के कमांडर-इन-चीफ जनरल अब्दुलरहीम मौसवी ने कहा, दुश्मनों को अब अपनी सेना पर से विचार करना होगा क्योंकि ईरानी सेनाएं फिर से सबसे शक्तिशाली हो गई हैं। जनवरी 2021 में ईरानी सेना ने हवा से मार करने वाली अजरक्ष मिसाइल का इस्तेमाल करते हुए एक डेमी लक्ष्य को नष्ट करके कर्रार डॉन की क्षमता का प्रदर्शन किया था।
जानिए ‘कर्रार’ सूर्योदय के निर्माता कौन हैं?
- कर्रार सऊदी अरब ईरान की दुकान की अहम ताकत बनकर उभरी है। इस डूबान के बारे में दावा किया गया है कि इस डूबान की सीमा 1000 किलोमीटर (620 मील) है।
- कर्रार डायमिश दो 115 स्ट्रीच के बम या 227 स्कीयर गोला-बारूद को स्थापित करने के साथ लक्ष्य तक ले जाया जा सकता है।
- कर्रार अपनी टीम के साथ-साथ लक्ष्य बॉम्बर बिल्डिंग के लिए जाना जाता है।
- कर्रार बादशाह को अब माजिद मिसाइल से लॉन्च किया गया है। जिसने इसे कहीं भी बेहद खतरनाक बना दिया है।
- कर्रार साम्राज्य और माजिद मिसाइल के संयोजन से ईरानी सेना को एक प्रकार की नई क्षमता प्राप्त हुई।
पहले मिसाइल..और अब डूब, ईरान कॉन्स्टेंटाइन सैन्य ताकत बढ़ा रहा है
ईरान ने हाल ही में हाइपरसोनिक मिसाइल का खुलासा किया था। जिसके बाद अब वह ये एडवांस्ड प्लांटर्स का डूबकर तैयार हो गया है। ईरान की लगातार सैन्य ताकतें प्रौद्योगिकी बढ़ाने की कोशिश कर रही हैं और इसमें सक्षम भी हो रही हैं। ये ईरान ऐसे समय में कर रहा है, जब गाजा में युद्ध के दौरान इजराइल से उसकी तनातनी चल रही है। ऐसे में ईरान की शक्तिशाली सेनाओं को देख कई रक्षा विशेषज्ञ इजराइल के लिए खतरे की घंटी की तरह भी देख रहे हैं। क्योंकि ईरान ने हमास का पक्षधर और इजराइल का विरोधी बनना शुरू कर दिया है। हाल ही में ईरान ने ईरान को खुली चेतावनी दी है। ऐसे में ईरान अगर निकट भविष्य में कोई ‘बड़ा’ कदम न उठा ले, ये बात पक्की बनी हुई है।
