फ्लू के टीके की लागत: सामुद्रिक मौसम में छोटे-छोटे साज-सज्जा और वृद्धों के लिए अस्त्र-शस्त्र ही क्रिटिकल रहते हैं। इस बार भी ठंड बढ़ने के साथ ही दांतों और मौसमी फ्लू ने दांतों को पकड़ लिया है। अस्पतालों में बड़ी बीमारियाँ, छोटी-छोटी बीमारियाँ, खांसी, निमोनिया, वायरल संक्रमण, एलर्जी और बुखार की याचिका लेकर आ रहे हैं। खांसते और सोते सोते गले में दर्द की भी शिकायत कर रहे हैं। हालांकि करीब एक सप्ताह के इलाज के बाद दावे ठीक हो रहे हैं लेकिन मौसमी फ्लू को लेकर देश में वैयसायीन उपल का सहारा लिया जाता है और डॉक्टर भी लोगों को अपने छोटे-छोटे मरीजों को फ्लू के मरीज़ों की सलाह दे रहे हैं।
डॉर्टक्टर्स की डेट्स तो स्टॉक के सीज़न में स्टॉक्स में फ्री स्ट्रीटवेंटली स्टॉक-खांसी की शिकायत हो रही है। कई बार इम्यूनिटी कमजोर होने के साथ-साथ महीने में दो बार भी सिरदर्द, खांसी की परेशानी हो रही है, बचाव के लिए फ्लू की दवाएं खतरनाक हो सकती हैं।
रामा मेडिकल कॉलेज में पीडियाट्रिक विभाग में एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. वीरेन्द्र यादव का कहना है कि इस समय इन्फ्लूएंजा फ्लू या ग्लूकोज फ्लू तेजी से फैल रहा है। इसके लिए भारत में फ्लू स्ट्रेंथ यानी वैरायटीन उपलब्ध है। हालाँकि इसे ख़त्म करने के अभियान में शामिल नहीं किया गया है, इसलिए यह किसी भी तरह का टीकाकरण केंद्र पर मुफ़्त नहीं है। इसे लोगों को खुद ही पैसा खर्च करके लगाना होता है।
कितना बढ़िया है?
डॉ. वीरेंद्र का कहना है कि इन्फ्लूएंजा फ्लू की वैजाइना मरीजों के साथ ही बुजुर्गों के लिए भी उपलब्ध है। अगर इंस्टालर को बार-बार को डेट करना या फ्लू इन्फेक्शन की परेशानी हो रही है तो इस वैयसाईट को स्टॉक करना चाहिए। इससे बनने वाली इम्युनिटी 6 महीने से लेकर 1 साल तक चलती है। इसके बाद इसे अगले साल फिर से प्लांट किया जाता है। इसका उपयोग दो बार किया जाता है।
यह वैयक्तिन रॉकेट पर चार इन्फ्लूएंजा वायरस के खिलाफ काम करता है। इनमें इन्फ्लूएंजा बी के दो सबप्लांट हैं, जबकि इन्फ्लूएंजा बी की दो लाइनें हैं, जिनके खिलाफ रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत होती है। इसके बाद एप्रोचिएटर होने वाले वायरल इंफेक्शन, फ्लू इंफेक्शन, इनफ्लो-खांसी से बचा जा सकता है।
कितनी है कीमत?
वैसे यह वैयसायीन फ्री नहीं है और नेशनल इम्युन म्यूजियम प्रोग्राम में शामिल नहीं है ऐसे में इसकी बाजार में कीमत काफी है। यह मजहब की अलग-अलग जगह पर स्थिर वेरायटी के साथ उपलब्ध है। डॉ. वीरेन्द्र बताते हैं कि इस वैरायटी की कीमत प्राइवेट हॉस्पिटल या ट्रकलिनिकों पर 1800 रुपए से लेकर 2200 रुपए तक है।
फ्लू की यह वैयक्तिन क्लोज 6 लियर्ड ब्रांड में उपलब्ध है। इनमें इनफ्लूजेन, नासोरेक, वैयॉक्रोजीग्रिप, इनफ्लूवेक आदि शामिल हैं। हालाँकि फिर भी किसी भी ऑथराइज़्ड मेडिकल प्रेक्टिशनर की सलाह के बाद वैयॉस्ट्रीन को लेने की सलाह दी जाती है, ताकि ओरिजिनल वे मेडिकल प्रेक्टिशनर की खुराक मिल सके और किसी भी ड्रामे से बचा जा सके।
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पहले प्रकाशित : 13 दिसंबर, 2023, 14:22 IST
