अनूप/कोरबाः- स्टेटस सिंबल के साथ-साथ सुरक्षा के दृष्टिकोण से लेकर आर्थिक रूप से सक्षम लोगों में कुत्ता पालने का शौक कुछ ज्यादा ही बना है। वफादारी के चुम्बन जब होते हैं तो इसमें कई चीजें शामिल होती हैं और इस दौरान स्याही का कागज भी होता है। इसलिए शहरी क्षेत्र में कुत्ता पालने का शौक कुछ ज्यादा ही बढ़ गया है। इस मामले में सुरक्षा से लेकर ज्यादातर स्टेटस सिंबल का जोर है। इसलिए लोग विदेशी नस्ल वाले मगरमच्छ कुत्ता पालना पसंद करते हैं। कई मामलों में देखने को मिल रहा है कि लोग अपनी सुरक्षा को लेकर गंभीर जरूर हैं। लेकिन दस्तावेज़ से अन्य लोगों की सुरक्षा को लेकर साज़क नहीं होते हैं।
कुत्ते के मालिक पर सेक्स की मांग
खरमोर क्षेत्र में इसी चक्कर में एक न्यूक्लियर कुत्तों का हमला हुआ। यह मामला मानिकपुर पुलिस थाने तक पहुंच गया है। पीड़ित पक्ष ने कुत्ते के मालिक पर बकवास करने की मांग की है। विश्राम सिंह पटेल की सुपुत्री को स्कूल जाने के दौरान कुत्ते ने छलांग लगा दी। लड़की के चिल्लाने पर पिता उसे कुत्ते से रेस्तरां और रेलवे अस्पताल ले गए। विश्राम सिंह पटेल ने इस घटना को लेकर गंभीर वास्तुविद् और मानिकपुर पुलिस चौकी की याचिका दायर की है। विश्राम सिंह का कहना है कि लोग क्या करते हैं, ये उनका अपना मसला है। लेकिन समस्या को ध्यान में रखते हुए इस पर भी ध्यान देना चाहिए।
सावधानी बरतनी जरूरी
पालतू जानवरों को रखने के दौरान संबंधित लोगों को कई प्रकार से सावधानी बरतनी पड़ती है, ताकि उनकी वजह से आस-पास या राह के लोगों को कोई समस्या न हो। किसी व्यक्ति द्वारा किसी व्यक्ति को नामांकित किए जाने पर उसकी स्थिति पर विचार किया जा सकता है। बताया गया है कि पुलिस के खिलाफ धारा 289 के तहत इस प्रकार के मामलों में जानवरों का पालन करने वाले व्यक्ति पर कार्रवाई की जा सकती है।
.
टैग: आवारा कुत्तों का हमला, छत्तीसगढ़ खबर, कोरबा खबर, स्थानीय18
पहले प्रकाशित : 21 फरवरी, 2024, 17:05 IST
