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खाल के लिए बेहद खतरनाक है नोजल और पॉल्यूशन, 5 टुकड़ों का हो सकता है शिकार, वक्त रहते सुधारें ये गलत आदतें


उत्तर

समुद्र तट के समुद्र में समुद्री मछली और बेजान का खतरा बढ़ जाता है।
इस मौसम में एक्जिमा, स्किन एलर्जी सहित कई ट्रिगर ट्रिगर हो सकते हैं।

सर्दी के मौसम में त्वचा की देखभाल के टिप्स: इस समय मौसम में तेजी से बदलाव आ रहा है और तापमान में गिरावट आई है। इससे ठंड का प्रकोप धीरे-धीरे बढ़ता जा रहा है। ओरिएंट के सीज़न को लोग खूब पसंद करते हैं, लेकिन इस सीज़न में कई पहलुओं का भी सामना करना पड़ता है। दिल्ली-यूरोपीय संघ के बाजारों में ठंड के मौसम में पॉल्यूशन हमले से लगता है कि लोगों की सेहत पर बुरा असर पड़ रहा है। रियल का सबसे ज्यादा असर आपके चेहरे पर है और लोगों के चेहरे से जुड़ी कई मसालों का सामना करना पड़ रहा है। बल्लेबाजों की सलाह तो समुद्र तट में गिरता स्ट्रोलेस्टोल और आपकी त्वचा पर द्वीप मार का कारण बनता है। समुद्र तट में न्यूनतम तापमान कम से हवा शुष्क अर्थात आटा होता है, जिससे त्वचा रूखी और बेजान होती है। दूसरी तरफ हवा में मौजूद प्रदूषक तत्व भी त्वचा को नुकसान पहुंचाने वाले झटके, दाग-धब्बे और अन्य खतरे पैदा कर सकते हैं। प्रदूषण के कारण सबसे अधिक नुकसान होता है। डॉक्टरों से इन सवालों से बचने के तरीके जानें।

यूपी के नाख़ून में स्थित स्किनक्योर वेस्टर्न की डर्मेटोसिस डॉ. निरीक्षण जुयाल के अनुसार समुद्र के मौसम में हर किसी की त्वचा का स्वाद होता है। यह रूखापन इस बात पर असंतुलित है कि आपकी खाल का जूता मोइस्चर स्तर या चमड़े का रेशम का तेल का टुकड़ा क्या है। प्रॉजेक्ट अपना स्टूडियो है, उन्हें समुद्र तट में मॉइस्चर लेवल सही ढंग से रखने की आवश्यकता होती है। इसके लिए शरीर का इलेक्ट्रोहाइड्रेशन लेवल मेंटेन रखना जरूरी होता है। हर उद्यम का डैमेज भी सबसे ज्यादा हो सकता है। ओरिएंटल के सीज़न में एक्जिमा, स्कार्फ में ग्लूकोस पैचेज में खुजली लग जाती है, पानी में समुद्र तट पर लग जाता है। एक्ज़िमा भी समुद्र में बढ़ सकता है, एलर्जी भी बढ़ सकती है। इसके अलावा डैमेज त्वचा पर पिगमेंटेशन की संभावनाएं भी बढ़ जाती हैं।

कंकाल हवाई जहाज़ डैमेज करता है

डॉ. विस्फोट जुयाल के समुद्र के मौसम में हवा में प्रदूषण हो जाता है और प्रदूषक तत्व त्वचा के रोम छिद्रों को बंद कर देते हैं और कार्बन एजिंग मसाले को बढ़ाया जाता है। स्मोग न केवल ऊपरी त्वचा को नुकसान पहुंचाता है, बल्कि शरीर के अंदरूनी हिस्से फेफड़े समेत कई अंगों को प्रभावित कर इंसान को बीमार बना देता है। इस बीमारी का असर त्वचा पर भी पड़ता है। देखा जाए तो पॉल्यूशन स्किन पर कपल मारता है। इसलिए सामान्य त्वचा को लेकर बहुत सावधानी बरतनी चाहिए। साथ ही पॉल्यूशन से बचने की हर संभव कोशिश करनी चाहिए।

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गर्म पानी से नहाना भी नुकसानदायक!

नेशनल मेडिकल कॉलेज ऑफ़ मेडिकल साइंसेज डॉ. हिमानी मंदिर समुद्र तट में गर्म पानी से नहाना, नमी और ब्लोअर का इस्तेमाल त्वचा के लिए भी नुकसानदायक हो सकता है। आम तौर पर लोग अक्सर गर्म पानी से नहाते हैं, जिससे त्वचा का प्राकृतिक बैरियर डैमेज हो जाता है और त्वचा और भी ज्यादा रूखी हो जाती है। शोरुम या ब्लोअर प्रारंभिक समय में रूममैरिडिफ़ायर का उपयोग करना चाहिए या एक बड़े पॉट में पानी रखना चाहिए। इस कमरे में आवश्यक मसाला सामग्री रहती है और खाल को होने वाले नुकसान से बचाया जा सकता है। अगर आप गर्म पानी से नहा भी रहे हैं तो बहुत ज्यादा समय के लिए नहाएं। ज्यादा से ज्यादा 4 या 5 मिनट तक ही गर्म पानी का इस्तेमाल करें।

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बालों की जड़ों का भी खतरा

डॉक्टर हिमानी टेलर कहते हैं कि बालों में कुछ खास बातों का ध्यान रखना चाहिए। ओरिएंटल में डाई स्टॉकिंग होती है, क्योंकि लोग कम पानी खरीदते हैं। इसके अलावा हवा के चमत्कार भी होते हैं, जिससे बाल भी साइंटिस्ट हो जाते हैं। इससे बाल ख़राब हो जाते हैं और आसानी से टूट जाते हैं। बालों की चमक कम होने के कारण बालों की चमक कम हो जाती है। इसके अलावा बालों में रूखेपन की वजह से डैंड्रफ भी बढ़ सकता है। ओरल में त्वचा पर कई तरह के नुकसान भी हो सकते हैं, जैसे मुंहासे, एक्जिमा, सोरायसिस आदि। इन विकारों का इलाज ख्वाली ओपेरिम डर्मेटोस्टिक्स की जांच में किया जाना चाहिए। इन समस्याओं से बचने के लिए कुछ तरीके अपनाए जा सकते हैं।

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खोपड़ी को नुकसान से बचाने का उपाय

– पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं. वॉटर बॉडी को स्टॉकिस्ट किया जाता है, जिससे स्किन को भी स्टॉक किया जाता है। सामान्य में प्रतिदिन कम से कम 2-3 किलोवाट पानी की इकाई होनी चाहिए।

– क्लींजर का प्रयोग. असली में त्वचा बहुत आकर्षक हो जाती है। सोमा क्लेंज़र का उपयोग करें, जिससे त्वचा को नुकसान न हो।

– व्युत्पत्तिकर्ता का प्रयोग करें. अमेरीका में त्वचा को बेचना बहुत जरूरी है। रिशाचरा व्यवसाय को वेबसाइट उपलब्ध करायी जाती है और इसे सूखा होने से खरीदा जाता है।

– सनस्क्रीन का उपयोग किया गया। समर की तरह अमेरीका में भी सनस्क्रीन का इस्तेमाल जरूरी है। सूर्य सूर्य की किरण से त्वचा को हासिल है।

– बालों को धोने के लिए गर्म पानी का इस्तेमाल न करें। बाल को धोने के बाद नवजात शिशु का उपयोग करें। बालों को पॉल्यूशन से बचाने के लिए हेयर मास्क का प्रयोग करें।

– बालों को धोने के लिए पैराबेन और नारियल मुक्त तेल का प्रयोग करें। किसी भी तरह की समस्या पर डर्मेटोलॉजी से लेकर सामूहिक इलाज तक।

टैग: वायु प्रदूषण, स्वास्थ्य, जीवन शैली, त्वचा की देखभाल, ट्रेंडिंग न्यूज़, सर्दी



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