उधव कृष्ण, पटना. बथुआ का सागा आपको सलाह और पगडंडियों पर लगेगा। यह कोई आम आग नहीं, बल्कि अति गुणकारी सागा है। इसकी सब्जी हर घर में बनती है. इसके कई फायदे भी हैं, जो हम सब से मिलते हैं। राजधानी पटना के प्रसिद्ध चिकित्सक बीएचएमएस डॉ. शशिभूषण के पास बथुआ के कई लीलाज के एकलौता चमत्कारी समाधान हैं। समुद्र में इसकी सब्जी हर घर में भी बनती है. इस सागा में अगर कुछ सी छाछ या दही मिला लिया जाए, तो फिर इसका स्वाद का जवाब नहीं है. इसके अलावा इसके परांठे भी बड़े बहुत स्वादिष्ट होते हैं.
बथुआ में क्या नहीं है?
डॉ. शशिभूषण के संकेत हैं कि बथुआ में विटामिन बी1, बी2, बी3, बी5, बी6, बी9 और विटामिन सी की प्रचुरता होती है। इनमें कैल्शियम, लोहा, मैग्नीशियम, मैगनीज, प्लांटार, पोटैशियम, रेनॉल्ट और गिन्ज़म आदि शामिल हैं। इनमें पोषक तत्व होते हैं, जो पेट को साफ रखते हैं। वे कहते हैं कि जब हम बीमार होते हैं तो सबसे पहले डॉक्टर सबसे पहले विटामिन की गोली ही खाने की सलाह देते हैं। गर्भवती महिलाओं को विटामिन बी, सी और आयरन की गोलियां खाने को कहा जाता है। पर, बथुआ में ये रानी पहले से ही है. इसलिए यह बच्चों से लेकर बूढ़ों तक सबके लिए अमृत के समान है।
जानिए बथुआ सागा खाने के फायदे
1. इस सागा में कैल्शियम, आयरन, मैग्नीशियम आदि सभी तत्व पाये जाते हैं। इसलिए नियमित रूप से बथुआ का सेवन करने से शरीर को चुस्ती-फुर्ती और ताकत मिलती है।
2. बथुआ में आयरन और फोलिक एसिड की भी पर्याप्त मात्रा पाई जाती है। इसलिए यह हीमोग्लोबिन की कमी को दूर करने में मदद करता है। बथुआ महिलाओं के मासिक धर्म की वर्षगाँठ से राहत प्राप्ति में भी एक झलक मिलती है।
3. इसी तरह पथरी (पत्थर) की समस्या में भी बथुआ खाना बनता है। यही नहीं, किडनी में इंफेक्शन और किडनी में पथरी की समस्या में भी बथुआ खतरनाक साबित होता है।
4. ये सागा आमाशय ताकत देता है और कब्ज भी दूर करता है। बथुआ की सब्जी के व्यंजन बहुत अच्छे होते हैं. इसलिए कब्ज रखने वालों को बथुआ की सब्जी रोजाना खानी चाहिए।
5. डॉक्टर की सलाह तो बथुआ के साग का सेवन पीलिया के मर्ज में भी शामिल है। बथुआ पीलिया से मुक्ति भी होती है.
6. बथुआ के नियमित सेवन से हाजमा सही रहता है। इसके अलावा पेट दर्द में भी गिरावट आती है।
7. डॉक्टर बताते हैं कि बथुआ शरीर के विभिन्न जोड़ों के दर्द में बदल जाता है। इसलिए जो लोग जोड़ों के दर्द से पीड़ित हैं, उन्हें बथुआ के साग का सेवन करना चाहिए।
8. मूत्राशय, गुर्दा और मूत्र में बथुआ का साग फायदेमंद होता है। जिसमें पेशाब बंद-रुक्कर आता है, कतरा-कतरा सा आता है तो इसका रस पीने से पेशाब बंद करके आता है।
(अस्वीकरण: इस खबर में दी गई औषधि/औषधि और स्वास्थ्य बेनिटिट रेसिपी की सलाह, हमारे सिद्धांतों से जुड़ी चर्चा के आधार पर है। यह सामान्य जानकारी है, कोई व्यक्तिगत सलाह नहीं। हर व्यक्ति की आवश्यकताएं अलग-अलग हैं, इसलिए डॉक्टरों से सलाह के बाद ही, किसी भी चीज का उपयोग करें। कृपया ध्यान दें, लोकल-18 की टीम का किसी भी उपयोग से होने वाले नुकसान के लिए कोई उत्तरदायित्व नहीं होगा।)
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पहले प्रकाशित : 17 दिसंबर, 2023, 13:50 IST
