ॐ प्रकाश निरंजन/कोडरमा। असली में लोग पानी का सेवन कम करते हैं। पानी के कम सेवन से शरीर में पथरी बनने का खतरा बढ़ जाता है। शरीर में पानी की पर्याप्त मात्रा मिलने पर शरीर को पानी की मदद से सोडियम, यूरिया और अपशेष पदार्थ मिलते हैं। कोडरमा के सर्जन डॉ. अरुण कुमार अबोध ने पथरी होने के कारण, लक्षण और दोष निवारण पर महत्वपूर्ण जानकारियां साझा की हैं।
लोकल 18 से विशेष बातचीत में मित्रो रोड में गीता क्लिनिक के डॉक्टर डॉ. अरुण कुमार अबोध ने बताया कि कम पानी पीने से यूरीन में गंदगी और नमक बढ़ जाता है और ये क्रिस्टल के रूप में जमा पत्थर बन जाते हैं। पथरी होने पर पीठ के निचले हिस्से में गंभीर दर्द, पेशाब में खून आना, पेशाब में जलन होना आदि लक्षण देखने को मिलते हैं। ऐसे में डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।
इन उत्पादों से शरीर में पथरी होती है
डॉ. अरुण अबोध ने बताया कि पथरी होने का मुख्य कारण पानी का काम सेवन करने के अलावा पालक, सागा और टमाटर का अधिक सेवन करने से किडनी में पथरी, पेशाब की नली में पथरी या पथरी की समस्या बढ़ जाती है। कैल्शियम औषधियों का अधिक सेवन, यूरिक एसिड का सेवन शरीर में पथरी बनने का प्रमुख कारण है।
इन अनाप-शनाप से काम करें
डॉक्टर ने बताया कि पथरी से बचने के लिए संतुलित मात्रा में पानी का सेवन न करें, नियमित व्यायाम करें, जंक फूड से परहेज करें, अधिक मात्रा में नमक और प्रोटीन का सेवन न करें। डिब्बा बंद खाने से परहेज, कोल्ड ड्रिंक का सेवन न करें, इसमें मौजूद फास्फोरस एसिड स्टोन के खतरे को गिना जाता है।
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पहले प्रकाशित : जनवरी 5, 2024, 19:07 IST
