
रेस्तरां के राष्ट्रपति मोइज्जू जायेंगे चीन
मालदीव के राष्ट्रपति की चीन यात्रा: नए राष्ट्रपति मोहम्मद मोइज्जू को चीन सरकार का समर्थन प्राप्त है। वह हमेशा से ही चीन के पक्ष में और भारत विरोधी रुख अपनाते रहे हैं। राष्ट्रपति ही चीन के बेड़े पर स्थिर भारतीय सेना को वापस भारत ले जाने की बात पहले ही कह चुके हैं। अब राष्ट्रपति मोइज्जू चीन की यात्रा पर जा रहे हैं, जो भारत की चिंता को बढ़ाने वाली है। इससे पहले नए उप-राष्ट्रपति ने भी चीन का दौरा किया था।
नए राष्ट्रपति मोहम्मद मोइज्जू चीन के दौरे पर जाने वाले हैं। इस बात की जानकारी शुक्रवार को चीनी विदेश मंत्री ने दी है। चीनी विदेश मंत्रालय के अनुसार मोइज्जू 8-12 जनवरी तक चीन की सरकारी यात्रा पर जाएंगे। एक प्रेस विज्ञप्ति में चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता हुआ चुनयिंग ने कहा कि मोइज्जू राष्ट्रपति शी जिनपिघ के बुलावे पर चीन जा रहे हैं।
मोदी से भी कही थी भारतीय सैनिक हटाने की बात
राष्ट्रपति मोइज्जू चीन के समर्थक माने जाते हैं। उन्हें चीन का समर्थन प्राप्त है। यही कारण है कि वे भारत विरोधी रुख रखते हैं। उन्होंने राष्ट्रपति के रूप में पहला कदम उठाते हुए भारत विरोधी उत्थान किया। उन्होंने घोषणा की कि वे भारतीय सेना को हटा देंगे। एक अंतरराष्ट्रीय मंच पर मोइज्जू और मोदी की मुलाकात भी हुई थी। तब मोइज्जू ने भारतीय सेना को पद से हटाने की बात मोदी से दोगुनी थी।
मोइज्जू ने तोड़ी पहले भारत आने की परंपरा
सितंबर में आयोजित राष्ट्रपति चुनाव में उन्होंने भारत से मित्रतापूर्ण संबंध बनाए रखने वाले इब्राहिम मोहम्मद सोलिह को हरा दिया था। दशकों से चली आ रही परंपरा में नवनिर्वाचित राष्ट्रपति अपनी पहली विदेश यात्रा पर भारत की यात्रा करते हैं। लेकिन मुइज्जू ने इस परंपरा को तोड़ने का चीन जाने का फैसला किया है।
