नई दिल्ली नोटबंदी के बाद सरकार एक बार फिर नोटबंदी पर विचार कर रही है। ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा एक ड्राफ्ट मशीनरी जारी की गई है, जिसके अनुसार तंबाकू के उपयोग पर प्रतिबंध लगाने की बात कही गई है और इसका उपयोग केवल चिकित्सा और स्वास्थ्य-संबंधी समूहों तक सीमित करने के लिए किया गया है। इस कानून के पास होने से जून 2022 में पिछली सरकार द्वारा लागू किए गए फैसले को पलट दिया जाएगा, जिसके कारण देश भर में एमबीए से संबंधित मुसब्बर का प्रचार हुआ।
1,720 डॉलर की मामूली किस्त का प्रस्ताव
प्रस्तावित ऑफर में मनोरंजन यानी कि नशे के लिए तंबाकू का सेवन करते हुए 60,000 डॉलर ($1,720) तक का सस्ता खर्च बताया गया है। साथ ही इसकी बिक्री में लोगों के लिए सख्त दंड देने की भी बात कही गई है। विशेष रूप से जंगल क्षेत्र और व्यावसायिक प्लास्टिक में गांजे के गोदामों और कैफे में ग्रुप ने सरकार की चिंता बढ़ा दी है, जिससे गांजे के सेवन व बिक्री को लेकर प्रतिबंध लगाने पर सरकार को विचार करना पड़ा।
साल 2022 में 9 जून को गांजे से बैन हटा दिया गया था
मई 2023 में राष्ट्रीय चुनाव के बाद घेराबंदी वाली प्रधान मंत्री श्रेता थाविसिन ने अपने अभियान के दौरान नशे की कथित लत के कारण गांजे के उपयोग को सीमित करने का संकल्प लिया था। कानून में लाइसेंस प्राप्त करने या महत्वपूर्ण दंड का सामना करने की आवश्यकता को पूरा करने के लिए वैधानिक लाइसेंस प्राप्त करने की आवश्यकता होती है। बता दें कि साल 20222 में 9 जून को तंबाकू का प्रयोग और इस्तेमाल करने को लेकर सभी प्रतिबंध हटा दिए गए थे।

मॉल में गांजे की अलग-अलग दुकानें
प्रतिबंध के बाद इसे देश में जगह-जगह पर प्रतिबंध लगा दिया गया। लेकिन गांजे के इस्तेमाल और प्रदूषण को आपराधिक श्रेणी से बाहर करने के बाद कई आशियानों के सामने आ गए। तंबाकू के इस्तेमाल से वाला नुकसान बहस का विषय बन गया था। कई मीडिया रिपोर्टों में दावा किया गया था कि आरोपियों की गोलियों से भूनकर गंज में भी वैध तरीके से अपहरण किया जा रहा था। ग़ांज के मशहूर खाओ सैन रोड के पास बने एक मॉल को गांजे की थीम की मांग पर भी तैयार किया गया, यहां गांजे के अलग-अलग अनूठे नमूने भी तैयार किए गए।
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टैग: भांग की खेती, थाईलैंड
पहले प्रकाशित : 12 जनवरी 2024, 12:00 IST
