
अमेरिका ने फिर से बाराई मिसाइलें बनाईं।
अमेरिकी सेना ने यमन में हुती विद्रोहियों के व्यवसाय वाले स्थान पर रविवार को फिर से मिसाइलों की बौछार कर दी है। अमेरिकी अधिकारियों ने यह जानकारी दी। रिपोर्ट के मुताबिक अमेरिकी सेना ने इस दौरान एक साथ 14 मिसाइलें दागीं। हूती विद्रोहियों के कई अहम दोस्त इसमें शामिल हो गए। हुतियों की संख्या में भारी संख्या में मौतें होने का भी खतरा है। बता दें कि पश्चिम एशिया में इजरायल और हमास के बीच जारी युद्ध के मध्य में यमन के हुती विद्रोहियों पर अमेरिकी सेना की ओर से यह चौथा बड़ा हमला हुआ है।
इस दावे में पहले अमेरिका की ओर से आधिकारिक तौर पर घोषणा की गई थी कि वह यमन में ईरान के हुती विद्रोहियों को विशेष रूप से वैश्विक गठबंधन के रूप में नामित किया गया था। गत शुक्रवार को भी अमेरिकी और ब्रिटेन के युद्धपोतों और युद्धक दस्तावेजों ने यमन में हुती विद्रोहियों का इस्तेमाल किया था, जिसमें 60 से अधिक हिस्सेदारी को शामिल किया गया था, लेकिन गठबंधन और सैन्य दावों के बावजूद हुती विद्रोही वाणिज्यिक सहयोगियों पर हमले से बाज नहीं आ रहे हैं। ।।
लाल सागर में हमलों से बाज नहीं आ रही होती विद्रोही
रविवार को भी यमन से हुती विद्रोहियों के व्यवसाय वाले एक स्थान पर हमला किया गया था। यह डूबते अदन की खाड़ी में अमेरिकियों के स्वामित्व वाला एक बर्तन गिरी था। अमेरिका ने हुती विद्रोहियों को ईरान पर हथियार बनाने की चेतावनी दी है। पेंटागन के प्रेस सचिव मेजर जनरल पैट राइडर ने रविवार को कहा कि अमेरिका ने सैन्य कार्रवाई जारी करने पर रोक लगा दी है। विद्रोहियों का कहना है कि उन्होंने सात अक्टूबर को इजराइल पर हमास के हमलों के बाद गाजा में इजराइल के सैन्य अभियानों के जवाब में असहमति पैदा कर दी है। (पी)
