अनूप/कोरबाः बसंत पंचमी हिन्दू धर्म में एक मुख्य त्यौहार के रूप में मनाया जाता है, जो बसंत ऋतु में माघ माह के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को मनाया जाता है। इसे बसंत पंचमी के साथ श्री पंचमी, ज्ञान पंचमी के नाम से भी जाना जाता है। इस दिन ज्ञान की देवी मां सरस्वती की पूजा की जाती है। इस दिन अलग-अलग राज्यों में बड़े पैमाने पर मां सरस्वती की मूर्ति स्थापित कर पूजा की जाती है। प्रत्येक हिन्दू धर्म के अनुयायी अपने घर में भी इस दिन पूजा पाठ करते हैं।
इस वर्ष माघ मास के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि कब पड़ रही है और पूजा के शुभ उत्सव को लेकर हम ज्योतिषाचार्य पंडित मौलवी मठ से बातचीत की। पंडित आयुर्वेदिक डॉक्टर ने बताया कि इस वर्ष माघ माह की शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि 14 फरवरी को पड़ रही है। इसलिए 14 फरवरी को बसंत पंचमी मनाई जाएगी। इसी दिन शुभ उत्सव में ज्ञान की देवी मां सरस्वती की पूजा की जाएगी।
इस मूर्ति में करें मां सरस्वती की पूजा
इस वर्ष माघ मास की शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि का आरंभ 13 फरवरी को दोपहर 02 बजे से होगा। पंचांग के अनुसार, बसंत पंचमी पूजा का शुभ उत्सव 14 फरवरी को सुबह 7 बजे से लेकर 1 मिनट तक रहेगा। बसंत पंचमी के दिन शुभ उत्सव 5 घंटे 35 मिनट तक रहेगा।
.
टैग: बसंत पंचमी, धर्म आस्था, स्थानीय18
पहले प्रकाशित : 29 जनवरी, 2024, 16:53 IST
अस्वीकरण: इस खबर में दी गई जानकारी, राशि-धर्म और शास्त्रों के आधार पर ज्योतिषाचार्यों और आचार्यों से बात करके लिखी गई है। कोई भी घटना-दुर्घटना या लाभ-हानि संयोग ही है। ज्योतिषाचार्यों की जानकारी सर्वहित में है। बताई गई किसी भी बात का लोकल-18 व्यक्तिगत समर्थन नहीं करता है।
