
जानिए कौन है हमास के हमलों का मास्टरमाइंड
इज़राइल और हमास: इजराइल और हमास के बीच खूनी संघर्ष जारी है। फिलीस्तीन के आतंकवादी संगठन हमास ने इजराइल पर 50 साल के इतिहास में सबसे बड़ा आतंकवादी हमला किया है। इजराइल के इस हमले में 900 से ज्यादा लोग मारे गए। वहीं दोनों ओर के 1600 लोगों की जान चली गई। हमास ने कई इजराइलियों को बंधक भी बना लिया है। इस ताज़ा जंग में बड़ी संख्या में विदेशी नागरिक भी मारे गए हैं। इजराइल का मानना है कि हमास पर हुए इस सबसे बड़े हमले के पीछे मोहम्मद दैफ का दिमाग है। इजराइल ने मोहम्मद दैफ को नया ‘ओसामा बिन लादेन’ कहा है।
हमास के मास्टरमाइंड को 7 बार इजराइल ने हत्या की कोशिश, पर रही नाकाम
इजराइल का दावा है कि हमास द्वारा किए गए हमलों को मोहम्मद दैफ के आधार पर अंजाम दिया गया है। वही ने इजराइल पर हमले की योजना बनाई है। बताया जाता है कि इजराइल की खुफिया एजेंसी मोसाद ने 58 साल के मोहम्मद मोहम्मद दैफ को 7 बार मारने की कोशिश की, लेकिन वह हर बार नाकाम रहा। मोहम्मद दैफ़ को कई दशकों से मोसाद की तलाश थी लेकिन हर बार वह बचकाना है। उन्होंने तब भी दावा किया था कि नए ओसामा बिन लादेन के दोनों हाथ और पैर नहीं हैं। उसकी सिर्फ एक नजर है. इस तरह से मोहम्मद दैफ हमेशा वहील कुर्सी पर ही रहते हैं।
हर बार ‘मोसाद’ के हाथों से कैसे बचता है मोहम्मद दाइफ?
सन की रिपोर्ट के मुताबिक मोहम्मद मोहम्मद दैफ गाजा में बनी स्टार रंगों के नेटवर्क में ही हमेशा रहते हैं। इन्हीं रंगों की वजह से मोहम्मद दैफ हर बार मोसाद के हाथ बचाते हैं। इन सुरंगों को बनाने में मोहम्मद मोहम्मद दैफ ने भी बड़ी भूमिका निभाई है। इजराइल का यह लादेन हर रात अपना व्याख्यालय बदलता रहता है और कभी भी एक जगह टिकता नहीं है। उसका एकमात्र उद्देश्य इजराइल के पास है। मोहम्मद दैफ का जनमत संग्रह शिविर में हुआ था। उसने अपना नाम भी ‘दाइफ’ कर लिया जिसका अरबी मतलब ‘अतिथि’ होता है।
दैफ नाम रखें यह सिद्धांत है कि वह हर बार अपनी सुई चुराती रहती है। मोहम्मद दाइफ़ हमास की सैन्य शाखा अल कासम ब्रिगेड के कमांडर हैं। उसका दावा है कि उसका रिकॉर्डेड मैसेज भेजा गया है, जिसमें हमास के लड़ाकों को इजराइली लोगों की हत्या का संदेश होता है। साथ ही इजराइली मर्दों, औरतों और साजों के सही का संदेश होता है।
नया ‘ओसामा बिन लादेन’ हमास कमांडर है
मोहमद दैफ ने अपने समर्थकों को संदेश दिया है कि कबाड़ा करने वालों को करो और दीवार को गिरा दो। उन्होंने दुनिया के देशों के अपने कट्टरपंथियों से अपील की है कि हमास भी इसमें शामिल हो। इसमें कई देशों के नागरिकों के बीच हिंसा का खतरा शामिल है। विद्वानों का कहना है कि ताजा सबसे बड़े हमलों के बाद मोहम्मद मोहम्मद दैफ ठीक उसी तरह से बन जाएगा जैसे अल कायदा के लिए ‘ओसामा बिन लादेन’ था।’
