मुंबई. एमएस-मैसेज केस में राक्षसी को बड़ी सफलता मिली है। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआइए) ने निजीकरण के आरोप में एमएस के साथी मोहम्मद शहनवाज को गिरफ्तार कर लिया है। यह पुणे एमआईएसएस एमआईएलए केस में आठवीं गर्लफ्रेंड की है। इसे प्रतिबंधित आतंकवादी समूह की जांच के क्रम में एक ‘महत्वपूर्ण घटना’ माना जा रहा है।
जांच एजेंसी के एक प्रवक्ता ने कहा कि नवजात शिशु की पहचान झारखंड के हाजीबाग निवासी मोहम्मद शाहनवाज आलम के रूप में हुई है। वह नॉर्थवेस्ट के कटकमसांडी स्थित पेलावल रोड न्यू महमूदा हाउस में रहता है। रेस्टॉरेंट ने उस पर कट्टरपंथी आतंकवादी के प्रचार-प्रसार, धार्मिक स्थानों पर रेकी, गोलियाँ, बम बनाने और आईईडी ब्लास्ट करने का प्रशिक्षण लेने की पुष्टि की है।
अधिकारी ने कहा, ‘आलम विदेशी अपराधी संगठनों के आतंकवादी संगठनों को बढ़ावा देने में सक्रिय रूप से शामिल था। आलम अपने दो सहयोगियों-मोहम्मद इमरान खान और मोहम्मद यूनुस साकी के साथ एक सक्रिय एसएमस सदस्य था, जिसमें मोटरसाइकिल चोरी करने का प्रयास करते समय पकड़ा गया था।’
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वकील ने कहा कि आलम 19 जुलाई को पुणे पुलिस से बच रिजर्व में सफल रहा था और डकैत ने उस पर तीन लाख रुपये की घोषणा की थी, जिससे उसकी संपत्तियों के बारे में विश्वसनीय जानकारी मिल गई और उसे पकड़ लिया गया।
उन्होंने कहा कि जांच से पता चला है कि देश में शांति और छात्रों के लिए सामूहिक कार्यक्रमों को आगे बढ़ाने के उद्देश्य से स्मारकीय कार्यों को अंजाम दिया जाना था।
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पहले प्रकाशित : 2 नवंबर, 2023, 23:51 IST
