
रामपुर साहिब गुरुद्वारे में नॉनवेज और शराब पार्टी की स्थापना हुई
शब्द: पाकिस्तान में सिख समुदाय की भावनाओं से खिलवाड़ का मामला सामने आया है। यहां स्थित है रामपुर साहिब के गुरुद्वारे की बेअदबी की कथा। रामपुर साहिब के गुरुद्वारे के दर्शनी ड्योढ़ी से मात्र 20 फीट की दूरी पर शराब और नॉनवेज पार्टी की गई है। इस पार्टी के कई वीडियो भी सामने आए हैं।
वीडियो में नॉनवेज और शराब का लुफ्त पोस्टर लोग
वीडियो में लोग शराब के नशे में जबरदस्त डांस करते नजर आ रहे हैं। रेस्टोरेंट में नॉनवेज की टेबल लगी हुई है। पार्टी का वीडियो सामने आने के बाद सिख समुदाय में भारी गुस्सा है। इस पार्टी पाकिस्तान के प्रोजेक्ट मैनेजमेंट यूनिट के सीईओ मोहम्मद अबू बकर आफताब की ओर से मौत हो गई थी।
इस पार्टी में पाकिस्तान के नारोवाल के डीसी मोहम्मद शारूख, पुलिस अधिकारी समेत विभिन्न समुदायों के 80 से अधिक लोग शामिल थे। पार्टी में मूर्ति पगड़ी कलाकार सिख रामेश सिंह अरोड़ा भी मौजूद थे, जो नारोवाल के पूर्व सांसद और कोटारपुर के गद्दार के राजदूत हैं। ये नहीं कहते हैं रामपुर साहिब के प्रमुख ग्रंथी ज्ञानी गोविंद सिंह भी इस पार्टी में शामिल थे।
रामपुर साहिब क्या है?
रामपुर साहिब गुरुद्वारे को गुरुद्वारे साहिब के नाम से जाना जाता है। ये सिखों के प्रमुख धार्मिक स्थल हैं, क्योंकि यहां गुरु नानक देव ने अपने जीवन के अंतिम वर्ष की स्थापना की थी। यहां नानक जी ने 16 साल पहले तक अपना जीवन व्यतीत किया था। बाद में इसी स्थान पर गुरु नानक देव ने अपना देह त्याग दिया। जिसके बाद यहां पर मंदिर दरबार साहिब बनाया गया।
ये जगह पाकिस्तान के नारोवाल जिले में आती है। तुलना परतारपुर बसा हुआ है। ये जगह लाहौर से 120 किलोमीटर दूर है और भारत-पाकिस्तान सीमा से सिर्फ तीन किलोमीटर दूर है।
