मोहित शर्मा, करौली। फलों के मौसम की शुरुआत के साथ ही एक खास फल आता है। जो दिखने में बिल्कुल जैसा दिखता है वैसा ही होता है और जो आकार में बिल्कुल वैसा ही गोल होता है। जिसे ओरियल का स्पेशल फल भी कहा जाता है। शायद ही कोई खास ऐसा होगा जो समुद्र के इस खाश फल और इसके अनूठे व्यापारिक स्वाद से वाक़िफ़ ना हो। अगर बात की जाए इस फल के अध्ययन की तो इसके फायदे कई शानदार फलों से भी ज्यादा हैं। जी हां, समुद्र के मौसम में पाचन क्रिया को तंदुरुस्त बनाए रखने का यह फल रामबाण उपचार है त्वचा की ज्यूरिस को तो इस फल का सही समय पर नियमित सेवन बिल्कुल समाप्त कर देता है।
सबसे खास बात तो यह है कि समुद्र के मौसम में यह फल वॅलम मसाला आपको आसानी से उपलब्ध भी हो सकता है। अब शायद आप सोच रहे होंगे कि यह कौन सा फल है तो, ये अखमीरी का खास फल है। अमारूद नाम का यह सामान्य रूप है – सा फल दिवस फल मंडियों में अपनी अच्छी आवक के साथ धमाल मचा रहा है। तो आइए जानते हैं बुनियादी से मूल के ये खास फल के गुणकारी फायदे.
पाचन तंत्र सबसे अच्छा काम करता है:
आयुर्वेदिक चिकित्सक डॉ. महेश जंगम के सलाहकार हैं कि अमरूद पाचन तंत्र बहुत अच्छा काम करता है। इससे व्यक्ति के दीये पाचन अच्छे होते हैं। पेट की दुकान के लिए तो अमरूद एक रामबाण औषधि है। डॉक्टर जंगम के अनुसार काले नमक के साथ सेवन करने से हमेशा पेट साफ रहता है और शरीर का मोटापा भी नहीं बढ़ता है। त्वचा के रोगों को तो अमरुद नाम का यह फल ख़त्म कर देता है। आयरन और विटामिन सी सहित यह कई तरंगों से परिपूर्ण होता है।
अर्श भुकंदर के लिए तो अमरूद पेट साफ करने का एक बहुत ही अच्छा उपाय है। इसकी तासीर अनमोल है. इसलिए ठंडे बस्ते में डालने से इसके उपयोग से बचना चाहिए।
दोपहर में इसका सेवन करना बेहद ही शानदार :
चिकित्सक डॉ. महेश जंगम के अनुसार, अमरूद के आयुर्वेदिक सेवन का सही समय दो का रहता है। क्योंकि इसकी तासीर अनमोल है. दोपहर में धूप के साथ इस फल का सेवन बहुत ही चमत्कारी सिद्ध होता है। बीज के साथ जाने वाले इस फल में नारियल भी प्रचुर मात्रा में उपलब्ध होता है। साथ ही अमरूद पेट के फ़ायदे को भी कम करता है।
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जानकारी के अनुसार अमरूद का सबसे बड़ा औषधीय गुण प्याज को शांत करना है। एक अमरूद का सेवन कैसे भी भीषण प्यास को एक बार तो शांत कर देता है। विशेष रूप से गर्भवती महिलाओं और स्तन के आकार वाली महिलाओं को आहार के अधिक सेवन से बचना चाहिए, क्योंकि इनमें से अधिकांश मोटापे के कारण महिलाओं में डायरिया होने की संभावना बनी रहती है।
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पहले प्रकाशित : 28 नवंबर, 2023, 15:37 IST
