निशा नारायण/उदयपुर. हर शहर में किसी न किसी का स्वाद जुबां पर होता है। कुछ ऐसा ही स्वाद ऑक्सीजन के राधाजी कमल नाशता केंद्र का भी है। यहां पर सुबह से शाम तक व्युत्पत्ति की लंबी-लंबी कतारें आपको देखने को मिलेंगी। करीब 22 साल पहले इस दुकान पर करीब 3000 से ज्यादा समोसे की बिक्री होती है और यहां पर मिलने वाली के लिए खास तौर पर इस रेस्टोरेंट पर लोग नाश्ता करते हैं।
3000 से ज्यादा की हुई समोसा की बिक्री
कमल पटाखा सेंटर के संचालक कमल मौर्य ने बताया कि उनके पिता ने यह दुकान करीब 22 साल पहले शुरू की थी। यहां पर दिन भर में समोसे, कचौड़ी, खमन और ब्रेड पकोड़े की डिजाईन खास तौर पर की जाती है। यहां पर इमली और ड्रमी-दही की नमकीन पर पसंद की जाती है। यहां बनने वाले समोसा की खासियत यह है कि इसमें घरेलू तत्वों का ही प्रयोग किया जाता है। जिससे लंबे समय तक एक जैसा स्वाद आज भी कायम है।
साज़िश से कई ग्राहक वस्तुएं यहां पर मिलती हैं। दो शिफ्ट में यह ठेला संचालित होता है जिसमें सुबह 8:00 बजे से दोपहर 2:00 बजे तक समोसे-कचौरी की बिक्री होती है और उसके बाद शाम को पानी-पुरी की बिक्री होती है। हींग के सस्ते पानी का टेस्ट काफी पसंद किया जाता है.
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दोस्तों के साथ आता है इसका स्वाद
कमल नाश्ता केंद्र पर आने वाले ग्राहक ग्राहक भूपेन्द्र सिंह ने बताया कि वह पिछले काफी समय से यहां पर नाश्ता करने के लिए नारियल लेकर आए हैं। यहां पर मिलने वाली मिठाई वाली चटनी और कढ़ी का स्वाद भी काफी अनोखा है. जो टेस्ट को और भी अधिक बढ़ा देते हैं।
वहीं एसिडिटी की समस्या भी यहां के समाधान से नहीं मिलती क्योंकि यह शुद्ध तेल और साधारण का प्रयोग होता है। जिससे किसी भी तरह की कोई समस्या न हो। वहीं परिवार के लोग भी देखना से ही नाश्ता करना पसंद करते हैं। आसपास कहीं भी बड़ी दुकान भी मौजूद है। लेकिन कमल नाश्ता सेंटर का स्वाद ओपन सिटी शहरवासियों को इतना पसंद आता है कि वह नाश्ता करना पसंद करते हैं और ले जाना पसंद करते हैं।
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पहले प्रकाशित : 28 नवंबर, 2023, 20:45 IST
